Feature NewsPolitics

दिन में बिजली उपयोग पर 80 पैसे प्रति यूनिट डिस्काउंट

स्मार्ट मीटर से 11 करोड़ की छूट, दिन में बिजली उपयोग पर 80 पैसे प्रति यूनिट डिस्काउंट

अगले पांच सालों तक महाराष्ट्र में बिजली बिल न बढ़ाते हुए उपभोक्ताओं को विभिन्न तरीकों से राहत देने का कार्य महावितरण की तरफ से किया जा रहा है। मुख्यमंत्री एवं ऊर्जा मंत्री देवेंद्र फडणवीस के नेतृत्व में महावितरण के चेयरमैन एवं एमडी लोकेश चंद्र के मार्गदर्शन में राज्य के ऊर्जा सेक्टर में कई सुधार किए गए हैं। इनमें महावितरण द्वारा लगाए जा रहे स्मार्ट मीटर से, राज्य में अब कस्टमर्स को अपनी बिजली की खपत पर पूरा कंट्रोल और ‘टाइम ऑफ़ डे’ डिस्काउंट का सीधा फ़ायदा मिल रहा है।

80 पैसे प्रति यूनिट छूट
खास बात यह है कि सुबह 9 बजे से शाम 5 बजे के बीच बिजली इस्तेमाल करने वाले घरेलू TOD मीटर धारकों को 80 पैसे प्रति यूनिट की छूट मिल रही है। महावितरण के भांडुप सर्कल में जुलाई 2025 से मार्च 2026 तक, बिजली कस्टमर्स ने इस खास समय में बिजली इस्तेमाल कर 38 लाख बिजली बिलों पर 10 करोड़ 99 लाख 27 हज़ार रुपये की छूट का फ़ायदा उठाया है।

TOD मीटर कस्टमर्स को सही बिलिंग देने के साथ रियल टाइम में बिजली की खपत की जानकारी देते हैं। जिससे कस्टमर्स अपनी बिजली की खपत को ध्यान से प्लान कर बिजली के बिल बचा सकते हैं। स्मार्ट मीटर इस्तेमाल करने वाले कस्टमर्स की संख्या दिन-ब-दिन बढ़ रही है और जुलाई 2025 से मार्च 2026 तक, बिजली कस्टमर्स ने 38 लाख रुपये की छूट का फ़ायदा उठाया है।

38 लाख 59 हजार 926 बिजली बिलों पर 11 करोड़ रुपये की छूट मिली है। इसमें से पेण सर्कल में बिजली उपभोक्ताओं ने माध्यम से 12,45,950 बिजली बिलों पर 1 करोड़ 90 लाख 57 हजार रुपये की छूट का लाभ उठाया है।

ठाणे सर्कल में बिजली उपभोक्ताओं ने 12,49,015 बिजली बिलों पर 4 करोड़ 45 लाख 48 हजार रुपये की छूट का लाभ उठाया है। इसी तरह वाशी सर्कल में बिजली उपभोक्ताओं ने 13,64,361 बिजली बिलों पर 4 करोड़ 63 लाख 22 हजार रुपये की छूट का लाभ उठाया है।

स्मार्ट मीटर का उठाएं फायदा
महावितरण भांडुप सर्कल के मुख्य अभियंता संजय पाटिल ने कहा कि उपभोक्ता स्मार्ट मीटर को लेकर फैलाई जा गलतफहमियों पर ध्यान न देकर इसका फायदा लें। उन्होंने कहा कि “स्मार्ट मीटर मोबाइल ऐप के ज़रिए कंज्यूमर्स घर बैठे अपनी हर घंटे की बिजली की खपत देख सकते हैं।

अगर वोल्टेज ऊपर या नीचे जाता है या मीटर से छेड़छाड़ होती है, तो तुरंत अलर्ट मिलता है। इससे इक्विपमेंट को नुकसान होने से बचाया जा सकता है। साथ ही,उन्होंने बताया कि ह्यूमन रीडिंग बंद होने से ‘ज़्यादा रीडिंग’ या ‘अनुमानित बिल’ की शिकायतें काफी हद तक कम हो गई हैं।

Chief Editor – Yusuf Patel

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *